केन्द्रीय विद्यालय बद्दोवाल छावनी(कला एवं शिल्प गतिविधियाँ)
परिचय
केन्द्रीय विद्यालय बद्दोवाल ने हमेशा छात्रों के समग्र विकास में कला और रचनात्मकता के महत्व पर जोर दिया है। कला एक कलाकार के विचारों और भावनाओं की व्यक्तिगत अभिव्यक्ति है। इसकी सौन्दर्यात्मक सुंदरता के लिए सराहना की जाती है, और इसमें पेंटिंग, मूर्तिकला, फोटोग्राफी और ड्राइंग शामिल हो सकते हैं। कला अत्यधिक व्यक्तिपरक है और इसका पुनरुत्पादन नहीं किया जा सकता है। छात्र कला और शिल्प से संबंधित विभिन्न गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग लेते हैं। यह रिपोर्ट उन पर प्रकाश डालती है जो कुछ इस प्रकार से है।
- परीक्षा पे चर्चा पर कला प्रदर्शनी
- कला और शिल्प प्रदर्शनी
- कक्षा छठी के लिए ब्रिज कोर्स प्रदर्शनी
- जालंधर कैंट में राजभाषा प्रदर्शनी का आयोजन किया गया
- पोस्टर मेकिंग
- शिल्प गतिविधियाँ
- इको क्लब के साथ पौधारोपण अभियान (प्लास्टिक निषेध को बढ़ावा)
- छात्रों के नेतृत्व में पौधारोपण अभियान
- हस्तशिल्प कार्यशाला
- पारंपरिक चित्रकला कार्यशाला
- वेब विकास नौकरियों के अवसर पर सेमिनार
- छात्रों ने जीवंत दीवार कला बनाई
- एक क्रिएटिव गार्डन का डिज़ाइन और रखरखाव किया